1यहोवा कोति ले ये बचन यरमियाह करा आईस:
2“यहोवा, इसरायल के परमेसर ह ये कहत हे: ‘जऊन बात मेंह तोर ले कहे हवंव, ओ जम्मो ला एक ठन किताब म लिख ले।
3ओ दिनमन आवत हें,’ यहोवा ह घोसना करत हे, ‘जब मेंह अपन इसरायली अऊ यहूदी मनखेमन ला बंधुवई ले वापिस लानहूं अऊ जऊन देस मेंह ओमन के पुरखामन ला अधिकार करे बर देय रहेंव, ओ देस म, मेंह ओमन ला फेर बसाहूं,’ यहोवा ह कहत हे।”
4जऊन बचन यहोवा ह इसरायली अऊ यहूदीमन के बारे म कहिस, ओमन ये अंय:
5“यहोवा ह ये कहत हे:
6पुछव अऊ देखव:
7ओह दिन ह कतेक भयंकर होही!
8“ ‘ओ दिन,’ सर्वसक्तिमान यहोवा ह घोसना करत हे,
9पर ओमन यहोवा अपन परमेसर
10“ ‘एकरसेति, हे मोर सेवक याकूब, झन डर;
11मेंह तोर संग हवंव अऊ मेंह तोला बचाहूं,’
12“यहोवा ह ये कहत हे:
13तोर मामला ला लड़े बर कोनो नइं ए,
14तोर जम्मो संगवारीमन तोला भुला गे हवंय;
15अपन घाव अऊ ओ पीरा ऊपर काबर रोवत हस,
16“ ‘पर ओ जम्मो, जऊन मन तोला खावत हें, ओमन खुद खा लिये जाहीं;
17पर मेंह तोला फेर भला-चंगा करहूं
18“यहोवा ह ये कहत हे:
19ओमन ले धनबाद के गीत
20ओमन के लइकामन पुराना जमाना के सहीं होहीं,
21ओमन के अगुवा ओमन के बीच म ले ही एक झन होही;
22‘ये किसम ले तुमन मोर मनखे होहू,
23देखव, यहोवा के कहर ह